Katyayani Devi Mantra – देवी कात्यायनी मंत्र

Katyayani Devi Aarti

चैत्र नवरात्रि का छठा दिन है। इस दिन मां कात्यायनी की पूजा की जाती है, और पूजा करने से शादी में आ रही बाधाएं दूर करेंगी मां कात्यायनी। मनचाहा जीवनसाथी मिलता है। बता दें की कन्याओं के शीघ्र विवाह के लिए इनकी पूजा अद्भुत मानी जाती है। देवी दुर्गा के इस रूप को यश और सफलता का स्वरूप माना जाता है। 

मां कात्यायनी पूजा मुहूर्त

मां कात्यायनी की पूजा आप 9 मुहूर्तों में कर सकते हैं. ब्रह्म मुहूर्त सुबह 4 बजकर 44 मिनट से सुबह 5 बजकर 34 मिनट तक है.

मां कात्यायनी का विशेष मंत्र

कात्यायनी महामाये , महायोगिन्यधीश्वरी।
नन्दगोपसुतं देवी, पति मे कुरु ते नमः।।

‘ॐ ह्रीं नम:।।’
चन्द्रहासोज्जवलकराशार्दुलवरवाहना।
कात्यायनी शुभं दद्याद्देवी दानवघातिनी।।
ॐ देवी कात्यायन्यै नमः॥

मां कात्यायनी का बीज मंत्र:

क्लीं श्री त्रिनेत्रायै नम:।

कात्यायनी के लिए प्रार्थना मंत्र:

चन्द्रहासोज्ज्वलकरा शार्दूलवरवाहना।
कात्यायनी शुभं दद्याद् देवी दानवघातिनी॥

मां कात्यायनी का स्तुति मंत्र:

या देवी सर्वभू‍तेषु माँ कात्यायनी रूपेण संस्थिता।
नमस्तस्यै नमस्तस्यै नमस्तस्यै नमो नमः॥
अन्य मंत्र
‘ॐ ह्रीं नम:।।’
चन्द्रहासोज्जवलकराशार्दुलवरवाहना।
कात्यायनी शुभं दद्याद्देवी दानवघातिनी।।
ॐ देवी कात्यायन्यै नमः॥

Katyayani Devi Mantra को हमने ध्यान पूर्वक लिखा है, फिर भी इसमे किसी प्रकार की त्रुटि दिखे तो आप हमे Comment करके या फिर Swarn1508@gmail.com पर Email कर सकते है। 

Swarn

My name is Swarn Jain, A blog scientist by the mind and a passionate blogger by heart ❤️, who integrates my faith into my work.

Leave a Reply